•   Sunday, 18 Jan, 2026
Varanasi Development Authority Vice Chairman Purna Bora held a meeting to inform the farmers of Madh

वाराणसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पुर्ण बोरा द्वारा मढ़नी गाँव के किसानों को लैंड पूलिंग योजना एवं आपसी सहमति से भूमि क्रय की प्रक्रिया से अवगत कराने हेतु बैठक सम्पन्न

Generic placeholder image
  Varanasi ki aawaz

वाराणसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पुर्ण बोरा द्वारा मढ़नी गाँव के किसानों को लैंड पूलिंग योजना एवं आपसी सहमति से भूमि क्रय की प्रक्रिया से अवगत कराने हेतु बैठक सम्पन्न

उपाध्यक्ष द्वारा जनपद वाराणसी के मढ़नी गाँव में किसानों के साथ महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें किसानों को लैंड पूलिंग योजना तथा आपसी सहमति के आधार पर भूमि क्रय की प्रक्रिया के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई।

बैठक का मुख्य उद्देश्य किसानों को यह समझाना था कि लैंड पूलिंग योजना के माध्यम से बिना पारंपरिक भूमि अधिग्रहण के, उनकी भूमि का नियोजित, संतुलित एवं दीर्घकालिक विकास किया जा सकता है , जिससे उन्हें बहुगुणित लाभ प्राप्त हो सके।
किसानों को अवगत कराया गया कि यह योजना लखनऊ की आईटी सिटी एवं वेलनेस सिटी में सफलतापूर्वक लागू लैंड पूलिंग मॉडल पर आधारित है, जिसमें भूमि स्वामियों को अधिग्रहण की तुलना में लगभग 5 से 10 गुना तक लाभ मिलने की संभावना रहती है।

बैठक में लैंड पूलिंग के अंतर्गत प्रस्तावित दोनों मॉडलों की जानकारी दी गई—

1. 25 प्रतिशत पूर्णतः विकसित भूमि मॉडल:

इस मॉडल के अंतर्गत संपूर्ण भूमि का विकास वाराणसी विकास प्राधिकरण द्वारा कराया जाएगा तथा विकसित भूमि का लगभग 25–30 प्रतिशत भाग संबंधित किसान/भू-स्वामी को वापस प्रदान किया जाएगा। इस मॉडल में किसी भी प्रकार का विकास शुल्क देय नहीं होगा।

2. 50 प्रतिशत मात्र वाह्य रूप से विकसित भूमि मॉडल*
इस मॉडल में आंशिक (सेमी) विकास कर कुल भूमि का 50 प्रतिशत विकसित भाग किसान/भू-स्वामी को प्रदान किया जाएगा। यह मॉडल लखनऊ पैटर्न के अनुरूप न्यूनतम 10 एकड़ अथवा उससे अधिक भूमि वाले भू-स्वामियों के लिए प्रस्तावित है।

किसानों को यह भी बताया गया कि प्रस्तावित टाउनशिप योजनाओं के अंतर्गत क्षेत्र का सेक्टर आधारित एवं चरणबद्ध विकास किया जाएगा, जिसमें सड़क, सीवर, जलापूर्ति, हरित क्षेत्र, पार्क, सामुदायिक एवं अन्य आधुनिक नागरिक सुविधाएँ (Amenities) सुनिश्चित की जाएँगी।

बैठक के दौरान किसानों की शंकाओं का समाधान किया गया तथा उन्हें यह विश्वास दिलाया गया कि यह योजना स्वैच्छिक सहभागिता, पारदर्शिता एवं आपसी सहमति पर आधारित है, जिसका उद्देश्य किसानों के हितों की रक्षा करते हुए क्षेत्र का समग्र विकास करना है।
बैठक में काश्तकारों द्वारा लैंड पूलिंग योजना के अंतर्गत न्यूनतम एक-तिहाई (1/3) विकसित भूमि प्रदान किए जाने की मांग भी रखी गई, जिसे प्राधिकरण द्वारा संज्ञान में लिया गया।

उपाध्यक्ष ने सभी किसानों से अपील की  है कि वे इस सहभागिता-आधारित लैंड पूलिंग योजना से जुड़कर अपने भविष्य को सुरक्षित करें तथा वाराणसी को एक सुव्यवस्थित, आधुनिक एवं भविष्य-उन्मुख शहर के रूप में विकसित करने में सहयोग प्रदान करें।

रिपोर्ट- युवराज जायसवाल.. वाराणसी
Comment As:

Comment (0)