•   Friday, 04 Apr, 2025
Sri Krishnas birth was staged on the seventh day of Rasleela at the number two ashram on the banks o

संभल गुन्नौर क्षेत्र के गंगावास गंगा किनारे दो नंबर आश्रम पर रासलीला के सातवें यानि अंतिम दिन श्रीकृष्ण जन्म का मंचन किया गया

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  Varanasi ki aawaz

संभल गुन्नौर क्षेत्र के गंगावास गंगा किनारे दो नंबर आश्रम पर रासलीला के सातवें यानि अंतिम दिन श्रीकृष्ण जन्म का मंचन किया गया

वृंदावन से आए कलाकारों का मंचन देख दर्शन मंत्रमुग्ध हो गए

भगवान विष्णु श्रीकृष्ण के रूप में जन्म लेते हैं। वह माता देवकी और वासुदेव को यह बताते हैं कि पूर्व जन्म में उन्होंने और माता जसोदा ने मेरी भक्ति की थी और पुत्र की प्राप्ति की कामना की थी। आप दोनों की कामनाओं को पूरा करने के लिए कृष्ण के रूप में जन्म लिया है। माता देवकी ने कृष्ण को कंस के कारावास में जन्म दिया। जन्म के बाद वासुदेव ने कृष्ण को जसोदा के पास नंदगांव पहुंचा दिया। नंदगांव में नंदोत्सव मनाया गया। गंगावास गंगा किनारे दो नंबर आश्रम पर रासलीला का मंचन अंतिम दिन बड़े ही ढंग से किया गया। गंगावास क्षेत्र के गांव व क्षेत्र से आए महिला समेत तमाम लोगों के रासलीला देखने के लिए काफी भीड़ रही।  श्रद्धालुओं ने  गंगा में डुबकी लगाकर रासलीला का आनंद लिया। हर साल गंगा किनारे दो नंबर आश्रम पर रासलीला का वृंदावन से आए कलाकारों के जरिए मंचन किया जाता है। जिसके चलते अंतिम दिन यानि जन्माष्टमी के दिन रासलीला का मंचन को बड़े ही ढंग से लोगों ने बैठकर कार्यक्रम भाव विभोर कर सुना। इस मौके पर मंदिर के मुख्य गुरु जी  राम नारायण गिरी,  जयवीर, ग्राम प्रधान रूपेश कुमार  बृजेश यादव समेत  आदि लोग मौजूद रहे।

रिपोर्ट- वृजेश कुमार यादव. जिला संवाददाता सम्भल
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